नालंदा, (बिहारशरीफ) 28 मई .
नालंदा जिलान्तर्गत कतरीसराय प्रखंड के ई-किसान भवन में बुधवार को शारदीय खरीफ कर्मशाला सह एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया. कार्यक्रम का शुभारंभ स्थानीय जनप्रतिनिधियों एवं पदाधिकारियों द्वारा संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया गया.
कार्यशाला में किसानों को वैज्ञानिक पद्धति से खेती करने के लिए प्रोत्साहित किया गया. इस दौरान के.वी.के. हरनौत के कृषि वैज्ञानिक डॉ. संजीव ने विशेष रूप से स्वीट कॉर्न और बेबी कॉर्न की खेती करने की सलाह दी. उन्होंने कहा कि इन फसलों की बाजार में मांग लगातार बढ़ रही है, जिससे किसानों की आमदनी में वृद्धि संभव है. स्वीट कॉर्न और बेबी कॉर्न की खेती रबी, खरीफ और गरमा तीनों ही मौसम में की जा सकती है.इस मौके पर भूमि संरक्षण पदाधिकारी अजीत प्रकाश ने किसानों को मिट्टी जांच के महत्व के बारे में जानकारी दी.
उन्होंने बताया कि मिट्टी की गुणवत्ता के अनुसार फसल का चयन कर किसान अधिक उपज प्राप्त कर सकते हैं. साथ ही उन्होंने धान की उन्नत किस्मों के बारे में भी विस्तार से बताया.कार्यक्रम में प्रखंड कृषि पदाधिकारी विनय कुमार, प्रखंड विकास पदाधिकारी प्रेम कुमार, जिप सदस्य कौशलेंद्र कुमार, मुखिया रामजी पासवान, कटौना पैक्स अध्यक्ष पवन कुमार, जदयू प्रखंड अध्यक्ष रजनीश कुमार मुन्ना, अनिल कुमार, ललन सिंह, मनीष कुमार, सभी कृषि समन्वयक एवं कृषि सलाहकार भी उपस्थित रहे.कार्यशाला के अंत में किसानों के सवालों का विशेषज्ञों ने समाधान भी प्रस्तुत किया.यह प्रशिक्षण कार्यक्रम किसानों के लिए लाभकारी सिद्ध हुआ, जिससे उनमें वैज्ञानिक खेती के प्रति जागरूकता और उत्साह देखने को मिला है.
—————
/ प्रमोद पांडे
You may also like
अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के उपलक्ष्य में काउंटडाउन सेमिनार योग संवाद आयोजित
मीरजापुर आएंगे मंत्री संजय निषाद, मत्स्यपालकों के भविष्य को सशक्त करने का दोहराएंगे संकल्प
अहिल्याबाई के जीवन दर्शन को जन-जन तक पहुंचाएगी भाजपा
महारानी अहिल्याबाई की जयंती मनाई
स्थायी मानवीय मूल्य की स्थापना ही कालजयी साहित्य की पहचान: द्रौपदी मुर्मु